असम विधानसभा चुनाव 2026 के बीच सियासी माहौल और गरमाता जा रहा है। झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को असम में चुनावी सभा करने की अनुमति नहीं मिलने का मामला अब राजनीतिक विवाद का बड़ा मुद्दा बन गया है।

रिपोर्ट्स के अनुसार, हेमंत सोरेन का हेलीकॉप्टर उड़ान नहीं भर सका, जिसके पीछे प्रधानमंत्री के कार्यक्रम को वजह बताया गया। इसके चलते वह असम के रोंगोनादी और चाबुआ क्षेत्रों में निर्धारित जनसभाओं में शामिल नहीं हो पाए।

हालांकि, सोरेन ने हार नहीं मानी और मोबाइल फोन के जरिए ही जनता को संबोधित किया। उन्होंने आरोप लगाया कि यह लोकतंत्र की आवाज को दबाने की कोशिश है और चुनाव प्रचार में बाधा डाली जा रही है।

इससे पहले भी उनकी पत्नी कल्पना सोरेन को सभा की अनुमति नहीं मिलने की खबर सामने आई थी, जिससे विपक्ष ने इसे सत्ता के दुरुपयोग का मामला बताया है।
असम में 9 अप्रैल 2026 को मतदान होना है, ऐसे में यह विवाद चुनावी माहौल को और तेज कर सकता है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह घटना सिर्फ एक प्रशासनिक फैसला नहीं बल्कि चुनावी रणनीति का हिस्सा भी हो सकती है, जिससे आने वाले दिनों में सियासत और तेज होने की संभावना है।