170 mph की रफ्तार, 30 टन का जेट और 0.2 सेकेंड में ब्रेक… क्या है चीन का इलेक्ट्रोमैग्नेटिक कैटापुल्ट सिस्टम?

International February 16, 2026 By Mrityunejay Malviya
News Image

चीन ने हाल ही में अपने तीसरे और सबसे एडवांस्ड एयरक्राफ्ट कैरियर Fujian पर लगे इलेक्ट्रोमैग्नेटिक कैटापुल्ट सिस्टम (EMALS) की क्षमता का प्रदर्शन किया है। दावा किया गया कि यह सिस्टम 30 टन वजनी फाइटर जेट को 170 मील प्रति घंटे (mph) की रफ्तार देकर लॉन्च कर सकता है और महज 0.2 सेकेंड में उसे रोक भी सकता है।

Advertisement

हालांकि इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन यदि यह सही साबित होता है तो यह टेक्नोलॉजी चीन की नौसैनिक शक्ति के लिए बड़ा गेम-चेंजर मानी जा रही है।

Advertisement

क्या है इलेक्ट्रोमैग्नेटिक कैटापुल्ट (EMALS)?

Advertisement

EMALS यानी Electromagnetic Aircraft Launch System एक ऐसा सिस्टम है जो भाप (steam) की जगह विद्युत चुंबकीय ऊर्जा का उपयोग करके विमान को लॉन्च करता है।

Advertisement

यह सिस्टम अमेरिका के USS Gerald R. Ford क्लास कैरियर पर पहले से इस्तेमाल किया जा रहा है। पारंपरिक स्टीम कैटापुल्ट की तुलना में EMALS ज्यादा सटीक, नियंत्रित और ऊर्जा-क्षम माना जाता है।

Advertisement

क्या है इसकी खासियत?

Advertisement

⚡ हाई बर्स्ट पावर: कम समय में भारी जेट को तेज रफ्तार देना

🎯 बेहतर नियंत्रण: इजेक्शन फोर्स को सटीक तरीके से रेगुलेट करना

✈️ फुल लोड टेकऑफ: फाइटर जेट पूरे फ्यूल और हथियारों के साथ उड़ान भर सकते हैं

🔄 हाई सॉर्टी रेट: कम समय में ज्यादा विमानों की लॉन्चिंग

रिपोर्ट्स के मुताबिक इस सिस्टम को J-35, J-15T और KJ-600 जैसे विमानों के साथ टेस्ट किया गया है।

0.2 सेकेंड में ब्रेक का दावा

सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (पूर्व ट्विटर) पर वायरल एक वीडियो में दावा किया गया कि नया इलेक्ट्रोमैग्नेटिक अरेस्टिंग सिस्टम 170 mph की रफ्तार से आ रहे 30 टन के जेट को 0.2 सेकेंड में रोक सकता है।

विशेषज्ञों के मुताबिक, आधुनिक कैरियर अरेस्टिंग सिस्टम आमतौर पर 2–3 सेकेंड में विमान को रोकते हैं। ऐसे में 0.2 सेकेंड का दावा तकनीकी रूप से बेहद असाधारण है और इसकी पुष्टि होना बाकी है।

कैसे काम करता है यह सिस्टम?

कैटापुल्ट ट्रैक के नीचे इलेक्ट्रोमैग्नेटिक कॉइल्स लगाए जाते हैं।

हाई वोल्टेज करंट इन कॉइल्स में प्रवाहित होता है।

चुंबकीय बल विमान को आगे की ओर खींचता है।

कंप्यूटर सिस्टम लॉन्च स्पीड और पावर को नियंत्रित करता है।

यह तकनीक विमानवाहक पोत की कॉम्बैट क्षमता को कई गुना बढ़ा सकती है, क्योंकि इससे भारी और आधुनिक एयरक्राफ्ट को भी तेजी से ऑपरेट किया जा सकता है।

चीन की नौसेना के लिए कितना अहम?

EMALS से लैस Fujian चीन का पहला ऐसा विमानवाहक पोत है जो पारंपरिक स्टीम कैटापुल्ट से आगे बढ़ चुका है। रक्षा विश्लेषकों का मानना है कि इससे चीन की ब्लू-वॉटर नेवी (समुद्र के दूरस्थ क्षेत्रों में संचालन क्षमता) को मजबूती मिलेगी और अमेरिका जैसी नौसैनिक शक्तियों को टक्कर देने की उसकी क्षमता में इजाफा होगा।

हालांकि 170 mph और 0.2 सेकेंड जैसे दावों की पुष्टि अभी शेष है, लेकिन यह स्पष्ट है कि इलेक्ट्रोमैग्नेटिक कैटापुल्ट सिस्टम भविष्य की नौसैनिक रणनीति में अहम भूमिका निभाने वाला है।

AdvertisementAdvertisementAdvertisementAdvertisementAdvertisementAdvertisement

Related News

News image
International
फोर्ट ब्रैग से ट्रंप का संदेश: ‘दुनिया भर में दुश्मन हमसे डरते हैं’

अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने नॉर्थ कैरोलिना स्थित अमेरिका के बड़े सैन्य अड्डों में से एक Fort Bragg में सैनिकों और उनके परिवारों को संबोधित क...

News image
International
भारतीय वायुसेना को मिलेंगे 114 राफेल, रक्षा खरीद को मिली हरी झंडी

रक्षा मंत्रालय ने भारतीय वायुसेना की ताकत बढ़ाने की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए 114 राफेल लड़ाकू विमानों की खरीद के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। यह...

News image
International
गाजा में ‘वैक्यूम बम’ इस्तेमाल का आरोप: 3,500°C तक पहुंचा तापमान, हजारों लोग लापता

गाजा में जारी संघर्ष के बीच इजराइल पर प्रतिबंधित माने जाने वाले ‘वैक्यूम बम’ (थर्मोबैरिक हथियार) इस्तेमाल करने के गंभीर आरोप लगे हैं। रिपोर्ट ‘द रे...

News image
International
भारत-अमेरिका व्यापार विवाद: 50% टैरिफ से भारत का 48 अरब का निर्यात प्रभावित

अमेरिका ने भारत से आने वाले कई उत्पादों पर 50% तक का अतिरिक्त टैरिफ लगाने का निर्णय लिया है, जिससे लगभग 48 अरब रुपए के निर्यात पर असर पड़ सकता है। ...

News image
International
पीएम मोदी की चीन यात्रा तय, एससीओ शिखर सम्मेलन में होंगे शामिल

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जल्द ही चीन का दौरा करेंगे, जहां वे शंघाई सहयोग संगठन (SCO) के शिखर सम्मेलन में भाग लेंगे। यह सम्मेलन 2020 के बाद पहली बा...

News image
International
भारत पर अमेरिका का बड़ा शुल्क वार, भारत ने जताई कड़ी आपत्ति

वॉशिंगटन से आई एक बड़ी खबर के अनुसार, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भारत से आयात होने वाले स्टील और एल्युमिनियम उत्पादों पर 50% तक आयात शुल्क...