झारखंड के छात्रों के लिए एक बड़ी और अहम खबर सामने आई है। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने घोषणा की है कि अब राज्य के 50 विद्यार्थियों को विदेश में पढ़ाई करने का अवसर दिया जाएगा। यह घोषणा मरांग गोमके जयपाल सिंह मुंडा की पुण्यतिथि के अवसर पर की गई।

मुख्यमंत्री ने कहा कि जयपाल सिंह मुंडा न सिर्फ एक महान नेता थे, बल्कि उन्होंने शिक्षा, सम्मान और सशक्तिकरण के लिए जीवनभर संघर्ष किया। उनके दिखाए रास्ते पर चलते हुए राज्य सरकार शिक्षा के क्षेत्र में नए अवसर उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है।

सरकार की इस पहल के तहत चयनित छात्रों को विदेश के प्रतिष्ठित संस्थानों में उच्च शिक्षा प्राप्त करने का मौका मिलेगा। इसके लिए सरकार आर्थिक सहायता भी प्रदान करेगी, ताकि आर्थिक स्थिति किसी भी छात्र के सपनों में बाधा न बने।

बताया गया कि वर्तमान में इस योजना के तहत 25 छात्रों को पहले ही विदेश भेजा जा चुका है, जबकि शेष 25 छात्रों को अगले चरण में भेजा जाएगा। इस योजना का उद्देश्य राज्य के युवाओं को वैश्विक स्तर की शिक्षा से जोड़ना और उन्हें अंतरराष्ट्रीय अनुभव देना है।
सरकार का मानना है कि इस कदम से झारखंड के छात्र न केवल उच्च गुणवत्ता की शिक्षा प्राप्त करेंगे, बल्कि भविष्य में राज्य के विकास में भी महत्वपूर्ण योगदान देंगे।